जीएम ने की हिंदी के कार्यों की समीक्षा, सभी विभागों को 100 फीसदी राजभाषा का प्रयोेग कर हिंदी में करना है पत्राचार

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सारनी। वेस्टर्न कोल फील्ड़स लिमिटेड के क्षेत्रीय महाप्रबंधक प्रमोद कुमार चौधरी ने 22 अप्रैल को पाथाखेड़ा क्षेत्र के 28 विभाग और इकाइयों के जनवरी-मार्च,2020 तिमाही के हिन्दी पत्राचार की समीक्षा की। कोरोना महामारी के संदर्भ में सरकारी गाडलाइन एवं सोशल डिस्टेन्सिंग को ध्यान में रखते हुए क्षेत्रीय महाप्रबंधक ने आम दिनों की तरह ‘समीक्षा-बैठक’ आयोजित करने के बजाय अपने कार्यालय में स्वयं सभी विभाग एवं इकाइयों से प्राप्त जनवरी मार्च,2020 तिमाही के हिंदी क्रियान्वयन आंकड़ों की समीक्षा की।
समीक्षा में 100 प्रतिशत हिन्दी पत्राचार करनेवाले 16 विभाग/इकाइयों के नाम लिखित सराहनापत्र जारी किए गए। वहीं 12 ऐसे विभाग/इकाई जो इस तिमाही में 100 प्रतिशत हिन्दी पत्राचार लक्ष्य पूरा करने में सफल नहीं रहे, उन्हें लिखित रुप से निर्देश दिया कि वे आगामी तिमाही में 100 प्रतिशत हिन्दी पत्राचार लक्ष्य हासिल करने हेतु पुरजोर प्रयास करें। तिमाही के दौरान ‘100 फीसदी हिन्दी पत्राचार करनेवाले’ 16 विभाग/इकाइयों के नाम हैं –  खनन, विद्युत-यांत्रिकी, योजना, सामग्री-प्रबंध, क्षेत्रीय-भंडार,  वीटीसी, खानबचाव, सर्वेक्षण, सचिवालय, कार्मिक, प्रशासन, नगर-प्रशासन, सिक्युरिटी, जनसूचना विभाग, छतरपुर-1 तथा छतरपुर-2 खान।  इन सभी को प्रशंसापत्र दिए गए। जनवरी-मार्च,2020 तिमाही के दौरान 75 से 99 प्रतिशत के बीच हिन्दी पत्राचार करनेवाले 12 विभाग/इकाइयों – क्षेत्रीय चिकित्सालय, वित्त, ई. एंड टी., क्षेत्रीय कार्यशाला, सिविल, खानसुरक्षा, पर्यावरण, विक्रय विभाग तथा सारनी, शोभापुर, तवा-1, तवा-2 खान को अगली तिमाही में 100 प्रतिशत हिन्दी लक्ष्य प्राप्त करने हेतु लिखित रुप से निर्देशित किया गया।  इन 12 विभागों में क्षेत्रीय कर्मशाला, सिविल एवं खानसुरक्षा तीन ऐसे विभाग चिन्हित हुए, जिनके जनवरी-मार्च,2020 तिमाही के हिन्दी पत्राचार प्रतिशत में पिछली तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर,2019) से कमी दर्ज हुई। इसलिए इन तीनों विभागों को विशेष हिदायतें भी दी गई।

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