- दो ग्रामो में नही आंगनवाड़ी स्कूल भवन

आमला। ब्लाक के अनेको ग्रामो में लोग आज भी बुनियादी सुविधाओं के आभाव में जीवन यापन कर रहे है वही कहि कहि स्कूल भवन ,आंगनवाड़ी भवन खस्ताहाल है तो कही स्कूल भवन तो आंगनवाड़ी केंद्र भवन तक नही है जबकि वर्षो से ग्रामीण इनकी मांग कर रहे है ।ऐसा ही एक मामला बारंगबाड़ी ग्राम पंचायत के ग्राम सरिकाढोल ,मोहनढाना का आया है जहा अभी तक प्राथमिक शाला भवन और आंगनबाड़ी भवन नही है जिसके कारण ग्रामो के नोनिहलो को अध्यन करने में काफी परेशानी हो रही है ।गौरतलब होगा की मोहनढाना में पिछले 15 वर्षों से प्राथमिक शाला एक किसान की भूमि पर किसानों द्वारा चंदा करके बनाए गए भवन पर लग रही थी लेकिन उस कृषक द्वारा अब स्कूल अन्य जगह लगाने की शर्त रख दी है जिसके कारण स्कूल संचालन में अब परेशानी खड़ी हो गई है। ग्रामीणों द्वारा पुनः चंदा एकत्रित कर ग्राम की पहाड़ी के स्थित सरकारी भूमि पर स्कूल निर्माण की कवायद की जा रही है।
दोनो ग्रामो में नही है आंगनवाड़ी भवन वर्षो से कर रहे मांग
उल्लेखनीय होगा की सारिकाडोल और मोहनढाना दोनो ग्रामो की जनसंख्या लगभग 700 है लेकिन दोनों ग्रामो में आंगनवाड़ी केंद्र भवन और प्राथमिक शाला भवन नही है जबकि वर्षो से ग्रामीण मांग कर रहे है ।दोनो ग्रामो के ग्रामीण अपने बच्चों को प्राथमिक शाला पढ़ाने के लिए स्वयं के खर्च पर चंदा कर स्कूल भवन निर्माण करवाने को मजबूर है ।ग्राम के मनीराम शशि कुमार ने बताया बीते 15 ,17 साल पहले भी ऐसे ही चंदा कर भवन तैयार किया था ।अभी वर्तमान में प्रति परिवार 1 हजार रुपये का चंदा लिया जा रहा है ।वही ग्राम पंचायत या कोई जनप्रतिनिधियों द्वारा हमे कोई मदद नही गई है।
विधायक पण्डागरे ने कहा स्कूल भवनों के निर्माण में करेंगे मदद
मामला संज्ञान में आने के बाद आमला सारणी विधायक योगेश पण्डागरे द्वारा स्कूल,आंगनबाड़ी भवन निर्माण में आ रहे पेंच को समझने की बात कही है वही उन्होंने कहा है ग्रामीणों की इस समस्या के लिए वे शिक्षा विभाग के अधिकारियों से चर्चा कर जल्द ही कोई हल निकलागे।ग्रामीणों ने कहा की मिडिल व हाईस्कूल शिक्षा प्राप्त करने छात्रों को बारंगबाड़ी ग्राम के स्कूलों में कई किलोमीटर की दूरी तय कर जाना पड़ता है ।जबकि पंचायत के लगभग 10 ढाने है जहा बीच मे मिडिल और प्रायमरी शाला की दरकार है।
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