- उत्पादों की खरीदारी कर कलेक्टर डॉ. सोनवणे सहित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बढ़ाया बच्चों का उत्साह
बैतूल। ‘दिव्य दीपोत्सव’ थीम के अंतर्गत दिव्यांग बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने, उनके हुनर को पहचान दिलाने तथा आत्मनिर्भरता के लिए अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे की पहल पर कलेक्ट्रेट परिसर में विशेष प्रदर्शनी-सह-विक्रय स्टॉल लगाए गए। इन स्टॉलों पर दिव्यांग बच्चों द्वारा अपने हाथों से तैयार किए गए आकर्षक मिट्टी के दीपक, दीपमालाएं, सजावटी मालाएं एवं अन्य आकर्षक सजावटी सामग्री बिक्री के लिए प्रदर्शित की गई।इस पहल में घरौंदा जय नारायण सर्वोदय समिति करंजगांव, शासकीय अस्थिबाधितार्थ विद्यालय एवं छात्रावास, सीडब्ल्यूएसएन बालिका छात्रावास तथा मिमांसा रिहैबिलिटेशन सेंटर फॉर मेंटली रिटार्डेड पर्सन्स के बच्चों द्वारा निर्मित उत्पाद शामिल किए गए। कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे एवं वन मंडलाधिकारी श्री नवीन गर्ग सहित अन्य अधिकारियों ने स्टॉल का अवलोकन किया। उन्होंने बच्चों द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की सराहना करते हुए उनकी खरीदारी भी की। कलेक्ट्रेट के अधिकारी-कर्मचारियों ने भी उत्साहपूर्वक सामग्री क्रय कर बच्चों का उत्साहवर्धन किया। दिव्य दीपोत्सव’ की यह पहल दीपावली के उल्लास को दिव्यांग बच्चों की प्रतिभा, रचनात्मकता और आत्मविश्वास से जोड़ने का सार्थक प्रयास है। इसके माध्यम से बच्चों को अपने हुनर के प्रदर्शन के साथ उत्पादों के विक्रय का अवसर भी मिला।