नई दिल्ली। भोपाल में पाई गई लंदन से आई पहली कोरोना पॉजिटिव महिला और उसके पत्रकार पिता के टेस्ट सैंपल बार बार नेगेटिव आने के बाद दोनों के शुक्रवार रात एम्स से डिस्चार्ज कर दिया गया है। महिला को 21 मार्च को कोरोना वायरस पॉजिटिव पाया गया था, जबकि उनके 62 वर्षीय पिता को चार दिन बाद संक्रमित पाया गया था। दोनों को इलाज के लिए एम्स, भोपाल में भर्ती कराया गया था।
सकारात्मक परीक्षण से कुछ दिन पहले, पत्रकार ने 20 मार्च को तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ की प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी भाग लिया था। उनके परिणामों के बाद उन पत्रकारों में भी दहशत पैदा हो गई थी, जो कमलनाथ की ब्रीफिंग में मौजूद थे। लंदन में लॉ में स्नातकोत्तर कोर्स कर रही महिला 18 मार्च को दिल्ली के रास्ते भोपाल लौटी थी। भोपाल की संभागीय आयुक्त कल्पना श्रीवास्तव ने पुष्टि की कि उन्हें ठीक होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
गौरतलब है कि पूरे विश्व में कहर मचाने वाले खतरनाक कोरोना वायरस का प्रकोप भारत में लगातार बढ़ता जा रहा है। दिल्ली के निजामुद्दीन मरकज में तबलीगी जमात मामले से देश में कोरोना वायरस के मामलों में बड़ा इजाफा देखने को मिला है और शनिवार को यह आंकड़ा 2900 पार कर गया। वहीं, इस खतरनाक कोविड-19 महामारी से अब तक देशभर में जहां 68 लोग जान गंवा चुके हैं और 183 लोग पूरी तरह से ठीक हो गए हैं या फिर उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय के शनिवार सुबह 9 बजे तक के अपडेटेड आंकड़ों के मुताबिक, देश में कोरोना वायरस के कुल 2901 मामलों में से 2650 केस एक्टिव हैं। महाराष्ट्र जहां 484 मामलों के साथ इस तालिका में टॉप पर है, वहीं दिल्ली में मरकज मामले के बाद संक्रमितों की संख्या में बड़ा इजाफा हुआ है और यह आंकड़ा 400 पहुंच गया है। तमिलनाडु में 418 मामले सामने आए हैं तो वहीं केरल में पॉजिटिव केसों की संख्या 338 हो गई है।
+ There are no comments
Add yours