सारनी। केन्द्रीय परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य को बहुत ज्यादा बताते हुए इन्हें देश की अर्थव्यवस्था के लिये बड़ा खतरा बताया। केन्द्रीय परिवहन मंत्री जी उद्यौग पति और पूँजीपतियों के हाथ की कठपुतली हैं, यह स्पष्ट तौर पर उनके कथनों से दिखाई दे रहा है। उक्त आशय किसान संघर्ष समिति के प्रदेश सचिव राकेश महाले ने प्रेस नोट जारी कर दिए। महाले ने बताया कि कुछ दिन पहले केन्द्र सरकार ने धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बड़ी वृद्धि की घोषणा की गई, वह पाँच साल कि सालाना वृद्धि के मुकाबले प्रतिशत में सबसे कम है। मध्यप्रदेश में गेंहू का समर्थन मूल्य 1925.00 रूपया प्रति क्विंटल तथा मक्के का समर्थन मूल्य 1760.00 रूपया क्विंटल होने के बावजूद मक्का 800-900 रूपया क्विंटल में खरीदा जा रहा है, तथा गेंहू 1600 से 1700 रूपये क्विंटन में खरीदा जा रहा है। महाले ने बताया कि परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने किसानों के लिए जैसे शब्दों का उपयोग किया है ऐसे शब्द, व्यापारी या उद्योगपति के खिलाफ बोले होते तो, व्यापारी एवं उद्योगपति एकजुट होकर उनके इस्तीफे की मांग करते। किसान सघर्ष समिति नितिन गड़करी द्वारा कृषि क्षेत्र पर लगाये लांछन की घोर निन्दा करती है तथा देश के अन्नदाता से माफी की मांगने की मांग करती है।