सारनी। वेकोलि क्षेत्र पाथाखेड़ा की खदानों से कई वेकोलि कर्मी सेवानिवृत्त हुए। प्राप्त जानकारी के अनुसार 31 जुलाई को 34 वेकोलि कर्मी सेवानिवृत्त हुए जिनका विदाई समारोह 31 जुलाई को कोविड-19 महामारी को देखते हुए सादे रूप में किया गया जो कि पूर्व में बड़े धूमधाम से किया जाता था। परंतु आगे वेकोलि प्रबंधन द्वारा सम्भवतः कार्यक्रम आयेजित कर सेवानिवृत्त वेकोलि कर्मीयों को विदाई दी जायेगी। गौरतलब हो कि वेकोलि पाथाखेड़ा क्षेत्र से कोयला खदानों से कोल खनन कर कई जगह भेजा जाता हैं, और कोल आपूर्ति की जाती हैं। वही सतपुड़ा पावर प्लांट में भी वेकोलि पाथाखेड़ा से कोयला भेजा जाता हैं। परंतु लगातार वेकोलि कर्मियों के सेवानिवृत्त होने का असर कोलउद्योग पर पड़ेगा। बताया जाता हैं कि फिलहाल वेकोलि क्षेत्र ने 4 हजार के लगभग कर्मी बचे हैं जो कि पूर्व में बड़ी संख्या में थे। लगातार हो रहे सेवानिवृत्त वेकोलि कर्मियों का असर कोयला उत्पादन पर असर पड़ रहा है। जिससे कोल कंपनी का नुकसान भी लगातार बढ़ रहा है।