सारनी। एटक यूनियन के राष्ट्रीय पदाधिकरी एवं कोल इंडिया लिमिटेड के पूर्व जेबीसीसीआई सदस्य डॉ मोदी जिनका इलाज बैतूल जिला अस्पताल में चल रहा था की अचानक उनकी तबियत ज्यादा बिगड़ने की वजह से उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती करना पड़ा ।कॉमरेड मोदी कम्युनिस्ट पार्टी से जुड़ जाने के बाद 1953 से पार्टी के मजदूर यूनियन “एटक” के साथ कार्य प्रारंभ किया। डॉ मोदी एटक कोल फेडरेशन (इंडियन माइन वर्कर्स फेडरेशन) के संस्थापक सदस्य भी है। 1959 में कॉमरेड मोदी ने इंटर कास्ट शादी कर भिलाई में बस गए थे। और वहां नंदिनी माइन्स क्षेत्र में एटक यूनियन की स्थापना कर कोयला मज़दूरों के लिए लड़ना शुरू किया । श्रीमती शैल नेल्सन मोदी जी की पोस्टिंग पाथाखेडा क्षेत्र में हो गई जिस वजह से कामरेड मोदी यहां आकर बस गए। मजदूर वर्ग के प्रतिनिष्ठा और उनके उत्थान के लिए पूर्ण क्षमता व समर्पण के साथ 67 वर्षों से कार्य कर रहे हैं। कॉमरेड मोदी वर्ष 1966 में डब्लू.सी.एल में सामान्य मजदूर के रूप में नौकरी प्रारंभ की और वर्ष 1990 में सीनियर सिविल सुपरवाईजर के रूप में रिटायर्ड़ हुये। उनके परिजनों का कहना है डॉ मोदी जल्दी ही स्वस्थ होकर हम लोगो को आगे भी मार्गदर्शन देते रहेंगे।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डॉ. कृष्णा मोदी की तबियत बिगड़ने के बाद आईसीयू में भर्ती
Posted on by Vishal
Estimated read time
0 min read
+ There are no comments
Add yours