आज अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर भारतीय जनता पार्टी मंडल सारनी की कार्यकारिणी सदस्य एवं तीक्ष्ण महिला मंडल की संचालिका किरण राजकुमार नागले ने सभी माताओं बहनों को बधाई प्रेषित की है उन्होंने इस शुभ अवसर पर कहा की वर्तमान दौर में स्त्रियों के शसक्तीकरण का दौर है इस दौर में महिलाएं अपनी परंपरागत छवि से बाहर आने की कोशिश कर रही है महिलाओं का यह प्रयास सार्थक होता भी दिखाई दे रहा है वर्तमान में महिला होने का मतलब केवल घर मे पल्लू ओढ़े सुबह शाम को भोजन बनाना और बच्चों को बड़ा करने का ही नहीं है बल्कि आम जीवन में वह भी पुरुषों के ही समतुल्य हर क्षेत्र में उनकी बराबरी पर खड़ी हुई है आज जीवन के हर क्षेत्र में महिलाओं ने अपनी मजबूती सिद्ध की है विज्ञान शिक्षा कला साहित्य रंगमंच कानून टेक्नोलॉजी रक्षा सुरक्षा और सार्वजनिक परिवहन सहित ऐसा कोई भी क्षेत्र अछूता नहीं है जिसमें महिलाओं ने अपनी योग्यता को प्रमाणिक नहीं किया हो इन सबके अलावा शासन प्रशासन के स्तर पर भी महिलाओं का वर्चस्व दिनों दिन बढ़ता जा रहा है महिलाओं ने अपनी योग्यता के बल पर स्वयं को बेहतर शासक और प्रशासक साबित किया है इन सबसे यह स्पष्ट होता है कि महिला की चार दिवारी के भीतर जितना अच्छा खाना बना सकती है बच्चों का लालन-पालन कर सकती है उतना ही अच्छा अवसर मिलने पर घर की चारदीवारी से बाहर विभिन्न क्षेत्रों में भी काम कर सकती है आवश्यकता है उन्हें और सब मिलने का पिछले कुछ वर्षों से सभी क्षेत्रों के द्वार महिलाओं के लिए खुले हैं और इन द्वारों से होकर महिला ने जिस क्षेत्र में भी प्रवेश किया है अपने आप को बेहतर साबित किया है सशक्तिकरण के इस दौर में महिलाएं अनंत आकाश को सुनने के लिए भरपूर उर्जा से लबरेज है बस उनके रास्ते में सामाजिक रुढ़ियों के अवरोध नहीं होने चाहिए इन अवरोधों को खत्म करने का काम इसलिए कुछ दशकों से लगातार चल रहा है उसमें बहुत हद तक सफलता भी मिली है लेकिन अभी भी इन सामाजिक अवरोधों को हटाने के लिए बहुत कुछ किया जाना बाकी है इसके लिए भी समाज और सरकार को सामूहिक रूप से और अधिक प्रयास किए जाने की आवश्यकता है सरकार और समाज के सामूहिक प्रयास महिलाओं को उनके प्रतिभा और बुद्धि कौशल के लिए और अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए बहुत जरूरी है.
महिलाओं को सम्मान देने के लिए मनाया जाता है अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस : किरण राजकुमार नागले
Posted on by Vishal
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