- बैतूल की धरा पर स्व. नेहा की स्मृति में डाटर्स डे पर सम्मानित हुई 29 बेटियां
बैतूल। रविवार 24 सितंबर डाटर्स डे के अवसर पर जिले के प्रसिद्ध नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ वसंत श्रीवास्तव एवं एडव्होकेट नीरजा श्रीवास्तव सहित कांतिशिवा मल्टी प्लेक्स के संचालक विवेक मालवी, बोथरा शॉपिंग सेंटर के संचालक धीरज बोथरा, होटल आईसीइन के संचालक अतुल गोठी, एच मार्ट अपना मार्ट संचालक धीरज हिरानी के संयुक्त तत्वावधान व बैतूल सांस्कृतिक सेवा समिति के संयोजन आयोजित मणिकर्णिका सम्मान उस वक्त यादगार बन गया जब इस मंच पर 99 वर्ष 9 माह, 88 वर्ष की वयोवृद्ध समाजसेवी महिलाओं एवं 5 वर्ष की एवरेस्ट बेस्ट कैम्प फतह करने वाली बेटी का सम्मान किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि सांसद डीडी उईके, कलेक्टर अमनबीर सिंह बैंस, ज्योतिषि कांत दीक्षित, सीए सुनील हिरानी, समाजसेवी बबलू हेमंतचन्द्र दुबे, सीएमओ ओमपाल सिंह भदौरिया, जिला कांगे्रस अध्यक्ष सुनील शर्मा, समाजसेवी हेमंत पगारिया एवं मणिकर्णिका सम्मान समारोह आयोजन समिति का कोर ग्रुप मौजूद था। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता एवं स्व. नेहा श्रीवास्तव के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्जवलन एवं माल्र्यापण के साथ किया। इस अवसर पर सम्मान लेने मुम्बई, मिजोरम, दिल्ली, भोपाल, इंदोर से बैतूल की प्रतिभावन बेटियां पहुंची। इसके अलावा देश का पहला हस्त लिखित अखबार निकाल रहे संगठन बहिनी दरबार की को फांउडर विवेचना सिंह विशेष रुप मौजूद रही। उन्होंने बघेली भाषा में बहिनी दरबार की सफलता की कहानी भी मणिकर्णिका के मंच पर बयां की। इस अवसर पर देश की अंतराष्ट्रीय सीमा तवांग में रक्षाबंधन मनाने वाले राष्ट्र रक्षा मिशन दल का भी सम्मान किया गया। कार्यक्रम के आधार डॉ वसंत श्रीवास्तव द्वारा बेटी नेहा की याद में आयोजित कार्यक्रम में कहा कि वह इन मणिकर्णिकाओं में अपनी बेटी को देखते है। समाजसेवी मनीष दीक्षित ने मणिकर्णिका की अवधारणा एवं पृष्ठभूमि से अवगत कराया। कार्यक्रम का संचालन संयोजक गौरी पदम ने किया आभार समाजसेवी धीरज बोथरा ने व्यक्त किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीए सुनील हिराणी ने सभी बेटियों का अभिनंदन कर इसे सराहनीय पहल बताया। सुनील शर्मा ने मणिकर्णिका सम्मान के लिए शुभकामनाएं दी। अतिथियों और मणिकर्णिका को स्मृति चिन्ह और सम्मान के साथ श्रीमती रश्मि भार्गव के सौजन्य से रेनबो चॉकलेट भी भेंट की गई।
बेटियों को सम्मानित कर गौरवान्वित है बैतूल- सांसद
सांसद डीडी उईके ने इस अवसर पर कहा बेटियां हमारी संस्कृति की आधार स्तंभ है। उन्होंने स्व. नेहा को श्रद्धाजंलि अर्पित करते हुए कहा कि अपनी बेटी की स्मृति में बेटियों का सम्मान करने वाले आदर्श माता पिता समाज के लिए प्रेरणा है। जो बेटियां समाज को आदर्श बनाने के लिए मेहनत कर रही है आज यह मंच उन बेटियों को सम्मानित कर गौरव की अनुभूति कर रहा है।
समाज में बदलाव का चेहरा महिला ही होगी- कलेक्टर
सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए कलेक्टर अमनबीर सिंह बैंस ने कहा कि अभी बहुत लम्बा रास्ता तय करना है, जो हमारे जेंडर रेशो है, जो क्राईम अगेंस्ट वूमन है, जो भेदभाव की स्थिति है उसमें बदलाव की जरुरत है। अभी भी पढ़े-लिखे परिवारों के अंदर ऐसा देखने में आता है कि भेदभाव होता है। ये एक प्लेटफार्म है, एक अवसर है जब हमें अपने आप को याद दिलाना चाहिए, जिसके माध्यम से हमें चर्चा करना चाहिए। आपने सुना होगा एक और एक ग्यारह होता है। महिला शिक्षित होगी तो वह पूरे परिवार को पूरे समाज को शिक्षित करेगी, यदि पुरुष शिक्षित होगा तो वो केवल एक मात्र व्यक्ति होगा जो शिक्षिति होगा। महिला जागरुक होगी तो पूरा परिवार पूरा समाज जागरुक होने के पथ पर अग्रसर होगा। यह स्थिति हम स्व सहायता समूहों में देखते है,एएनसी एवं पीएनसी में देखते है और यह समाज में परिवर्तन लाना है, प्रगति लाना है, तो चेंज का जो फेस है, याने बदलाव का जो चेहरा है वह एक महिला ही होगी।
मणिकर्णिका उनका सम्मान जिनके साहस से सहम गया समंदर भी
जिले के प्रतिष्ठित ज्योतिषी एवं विचारक डॉ कांत दीक्षित ने डॉ वसंत श्रीवास्तव एवं एडव्होकेट नीरजा श्रीवास्तव की बेटी स्व. नेहा अभिषेक श्रीवास्तव की स्मृति में आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि मृत्य को अलग-अलग तरह से परिभाषित किया गयाहै। कोई कहता है अंश में अंश का विलय मृत्यु है, देहान्तर हो जाना, स्थूल का सुक्ष्म में परिवर्तन हो जाना मृत्यु है, लेकिन मृत्यु सत्य है अटल सत्य है। बहुत ही भावुक क्षणों में माता-पिता की भावनाओं के साथ सम्मिलित होकर मैं भी नेहा बीटियां को श्रद्धाजंलि समर्पित करता हूं। उन्होंने कहा-कराहता हुआ सूरज यह कहकर डूब गया, यह बाजी जीतनी थी जो मैने हारी। मणिकर्णिका सम्मान समारोह पर उन्होनें कहा यह उन लोगों का सम्मान है जिन्होंने अपनी क्षमता और प्रतिभा के दम पर समाज को चमत्कृत कर दिया। यह उन लोगों का सममान है जिन्होंने हौसलों से आसमान को छूनेे का अदम्य साहस किया, यह सम्मान उनका है जिनके साहस से समंदर भी सहम जाता है, जिन्होंने जूनून को अपनी ताकत बनाया, अपने लक्ष्य को अंधकार में भी अपनी दूरर्शिता से खोज लिया।
यह रहे कार्यक्रम में मौजूद
गरिमामय कार्यक्रम में लॉयन परमजीत सिंह बग्गा, संदीप गुप्ता, ब्रम्हदेव कुबड़े, वरिष्ठ पत्रकार मयूर भार्गव, मीरा एंथोनी, संगीता घोडक़ी, विवेक शुक्ला, राजेश शुक्ला, संजय शुक्ला, धीरु शर्मा, मनोज विश्वकर्मा, डॉ मुकेश वागद्रे सहित बड़ी संख्या में महिलाएं एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
अब 29 बेटियां अपने नाम के साथ लिख सकेगी उपनाम मणिकर्णिका
कार्यक्रम में देश के विभिन्न प्रदेशों एवं प्रदेश के विभिन्न जिलों में पदस्थ प्रतिभाशाली का सम्मान किया गया इस वर्ष करीब 100 वर्ष वयोवृद्ध समाजसेवी शकुन्तला भाटिया एवं 5 वर्ष की पर्वतारोही प्रिशा, वयोवृद्ध समाजसेवी माया दुबे, ओमवती विश्वकर्मा लगातार पांच बार पार्षद आमला, नन्हीं पर्वतारोही-प्रिशा लोकेश निकाजू, इंडियन हॉकी टीम की खिलाड़ी-दिव्या ठेपे, कृषि वैज्ञानिक केविके बैतूल बाजार डॉ मेघा दुबे, मिसेज फारेवर स्टार इंडिया डॉ चंचल मेश्राम, को-फाउंडर बहिनी दरबार-विवेचना सिंह, टीआई थाना भैंसदेही-अंजना धुर्वे, बैतूल बाजार थाना प्रभारी बबीता धुर्वे, लोक कलाकार-प्रीति धुर्वे, मीडिया अधिकारी स्वास्थ्य विभाग-श्रुति गौर तोमर, भजन गायिका-रश्मि प्रधान, समाजसेवी-कविता मालवी, सरपंच बस्तरा माल डिडोंरी सोनम मरावी,मिसेज फारेवर स्टार इंडिया डॉ चंचल मेश्राम, सीएचओ केकडिय़ाकला-रीना इवने, राईटर एवं एडव्होकेट- सुनिता अम्बुलकर, दिव्यांग सब्जी व्यवसायी रामवती वट्टी, नेशनल लाठी प्लेयर वोंशिका माहेश्वरी, युवा उद्यमी श्रेया शुक्ला, मेकअप, नेल एवं हेयर आर्टिस्ट कशिश तातेड़, रेन्बो चॉकलेट एवं केक संचालक रश्मि भार्गव, ईएम हुसैन पेट्रोल पम्प संचालक फरीदा हुसैन, गोल्ड मेडलिस्ट डेंटल सर्जन डॉ श्रेया श्रीवास्तव, जिले की पहली मुस्लिम सीए सानिया अली, शिक्षा के लिए नवाचार करने वाली प्राथमिक शाला रामजीढाना की शिक्षिका कमला दवंडे, एलएफएस स्कूल की शिक्षिका जैनब कुतबी एवं जिला अस्पताल में पदस्थ सीनियन लेब टेक्रिशियन एवं ब्लड बैंक इंचार्ज पदमा पंवार को मणिकर्णिका सम्मान से नवाजा गया।
+ There are no comments
Add yours