सारणी। नगरपालिका परिषद सारणी में सभापति रोशनी झपाटे ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लिया गया एक ऐतिहासिक, दूरदर्शी और परिवर्तनकारी निर्णय बताते हुए कहा कि यह कानून देश की आधी आबादी को केवल सम्मान ही नहीं, बल्कि वास्तविक राजनीतिक शक्ति प्रदान करने वाला है। उन्होंने कहा आज भारत एक ऐसे दौर से गुजर रहा है, जहां विकास की परिभाषा केवल आर्थिक प्रगति तक सीमित नहीं रही, बल्कि अब इसमें सामाजिक न्याय, समान अवसर और समावेशी प्रतिनिधित्व भी शामिल हो गया है। ‘नारी शक्ति वंदन’ अधिनियम केवल एक विधायी सुधार नहीं, बल्कि भारत की लोकतांत्रिक नियति को बदलने वाला युगांतरकारी कदम है। यह कानून महिलाओं को ‘नीति प्राप्तकर्ता’ से ‘नीति निर्माता’ की भूमिका में स्थापित कर विकसित भारत 2047 के संकल्प को सिद्ध करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ का पारित होना केवल एक कानूनी प्रक्रिया नहीं, बल्कि उस ‘आधी आबादी’ के संकल्पों को आकाश देने का माध्यम है, जो दशकों से व्यवस्था की दहलीज पर खड़ी अपने अधिकारों की प्रतीक्षा कर रही थी। रोशनी झपाटे ने कहा किमोदी सरकार का दृष्टिकोण केवल प्रतीकात्मकता पर आधारित नहीं है। मध्य प्रदेश में हम मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के नेतृत्व में ‘लाड़ली लक्ष्मी’ लाडली बहन जैसी योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक शक्ति दे रहे हैं। अब यह राजनीतिक आरक्षण उन्हें ‘नेतृत्व की शक्ति’ प्रदान करेगा। यह अधिनियम मध्यप्रदेश की हर उस बेटी के लिए है जो थार के धोरों से लेकर अरावली की कंदराओं तक नेतृत्व का सपना देख रही है। यह ‘नारी शक्ति’ के प्रति राष्ट्र की कृतज्ञता का प्रतीक है।
महिलाओं से सशक्त होगा भारत, मोदी सरकार ने रचा इतिहास : रोशनी झपाटे
Posted on by Vishal
Estimated read time
1 min read
+ There are no comments
Add yours