- डेढ़ माह में स्कूलों की मूलभूत सुविधाएं दुरुस्त कराने के निर्देश
- पालकों को स्कूल से जोड़ने और हर माह पैरेंट्स-टीचर मीटिंग कराने पर जोर
- शिक्षा संजीवनी अभियान के तहत भीमपुर में बैठक आयोजित

बैतूल। शिक्षा संजीवनी अभियान के तहत बुधवार को भीमपुर के सांदीपनी विद्यालय में बैठक आयोजित की गई। बैठक में कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे ने प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्राथमिक एवं माध्यमिक कक्षाओं में अध्ययनरत प्रत्येक विद्यार्थी की कक्षा के अनुरूप दक्षता सुनिश्चित की जाए, ताकि विद्यार्थियों की बुनियादी शैक्षणिक नींव मजबूत होने के साथ वे भविष्य में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी तैयार हो सकें।
कलेक्टर ने भीमपुर एवं भैंसदेही क्षेत्र के शिक्षकों, प्राचार्यों, बीईओ, बीआरसी एवं जनशिक्षकों को निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों में लाइट, पंखे, स्वच्छ पेयजल, शौचालय सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं प्राथमिकता से पूर्ण कराई जाएं। विद्यालयों में विद्यार्थियों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने के साथ पालकों को विद्यालय से सक्रिय रूप से जोड़ने तथा प्रत्येक माह नियमित रूप से पैरेंट्स-टीचर मीटिंग आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्राम पंचायत के सरपंच एवं सचिवों को भी निर्देशित किया कि विद्यालयों की बुनियादी सुविधाओं से संबंधित कार्यों को आगामी डेढ़ माह में शिक्षक समुदाय एवं प्रशासन के समन्वय से पूर्ण कराया जाए।
इंटरएक्टिव पैनल और स्मार्ट टीवी का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करें
कलेक्टर ने हायर सेकेंडरी एवं हाई स्कूलों में उपलब्ध इंटरएक्टिव पैनल को नियमित रूप से सक्रिय रखने तथा निर्धारित कालखंड के अनुसार विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उपलब्ध डिजिटल संसाधनों का उपयोग केवल उपकरण के रूप में नहीं, बल्कि विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता और प्रतिस्पर्धात्मक तैयारी को मजबूत करने के लिए किया जाए।
वहीं प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में स्मार्ट टीवी के माध्यम से रिकॉर्डेड वीडियो एवं अन्य उपयोगी पाठ्य सामग्री विद्यार्थियों को उपलब्ध कराने की बात कही। उन्होंने कहा कि शिक्षा संजीवनी अभियान का उद्देश्य दूरस्थ अंचलों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को समान शिक्षा, समान भौतिक संसाधन और ज्ञान का समान एक्सपोजर उपलब्ध कराना है।
स्कूलों के विकास में जनभागीदारी और प्रशासन के समन्वय पर जोर
बैठक में कलेक्टर ने विद्यालयों के समग्र विकास के लिए शिक्षक समुदाय, ग्राम पंचायत, पालकों और प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर वातावरण तैयार करने के साथ विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों में निरंतर सुधार के लिए सभी संबंधित अधिकारी एवं शिक्षक जिम्मेदारी के साथ कार्य करें। बैठक में एसडीएम श्री अजीत मरावी एवं जनजातीय कार्य विभाग की सहायक आयुक्त श्रीमती वत्सला शिवहरे सहित संबंधित अधिकारी, प्राचार्य, शिक्षक एवं शिक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।