• पूर्व सांसद व भाजपा जिला अध्यक्ष ने जिला कलेक्टर से नाराजगी जाहिर की
  • निजी अस्पतालों की निर्धारित दरों को कम करने के लिए भाजपा जिलाध्यक्ष बबला शुक्ला ने कलेक्टर से मुलाकात की
  • पूर्व सांसद हेमंत खण्डेलवाल एवं सांसद दुर्गादास उइके ने दूरभाष पर कलेक्टर को कोविड केयर की दरों पर आपत्ति दर्ज की

बैतूल। जिला प्रसाशन द्वारा कोविड केयर में उपचार की दरे सार्वजनिक करते ही जिले में बवाल मच गया जिस पर पूर्व सांसद हेमंत खण्डेलवाल एवं सांसद दुर्गादास उइके ने तत्काल दूरभाष पर जिला कलेक्टर  अमनबीर सिंह बेस को अपनी आपत्ती दर्ज कराई और कहाँ की जो दर स्वास्थ विभाग द्वारा जारी की गई है वह पिछड़े और आदिवासी बहुल जिले के लिए बहुत अत्यधिक है हमारे निकटतम राज्य महाराष्ट्र के नागपुर में भी उक्त दर से कम में उपचार संभव है फिर इतने उच्च दर कैसे और क्यो निर्धारित की गई इस निर्णय पर पुनर्विचार कर आम जनता के हीत में निर्णय लिया जाना चाहिए।जिस पर जिला कलेक्टर द्वारा स्वास्थ्य विभाग से जारी दरों पर पुनर्विचार करने का आश्वासन दिया आज भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष आदित्य बबला शुक्ला ने कलेक्टर  अमनबीर सिंह बैंस से निजी अस्पतालों की जो दर निर्धारित की गई वह अधिक है उक्त दरें संशोधित करने के लिए मुलाकात की और कहा की  बुधवार को जो दर घोषित की गई है वह हमारे आदिवासी जिले के हिसाब से बहुत ही अधिक है | यह बहुत ही बड़ी त्रुटि है एवं अब जो दरें निर्धारित की जाए वह नागपुर, भोपाल,पाढर कि अस्पतालों  की दर अवलोकन के बाद बैतूल में उपलब्ध हॉस्पिटल के ग्रैड के आधार पर किए जाएं,कलेक्टर अमनबीर सिंह  ने तुरंत मामले की गंभीरता को समझते हुए नई दर निर्धारित करने के लिए एक टीम गठित की है,इसके लिए सीईओ जिला पंचायत एवं अपर कलेक्टर को शामिल करते हुए एक समिति गठित की है |
समिति सभी निजी अस्पतालों की दरों का विश्लेषण कर संशोधित दरों का निर्धारण करेगी।साथ ही उन्होंने जिला अध्यक्ष को आश्वस्त किया कि जल्द ही बैतूल जिले के लिए दर निर्धारित की जायेगी जो पूर्व घोषित दर से कम होगी।

सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी निजी चिकित्सालय हेतू कोविड केयर के दर निर्धारण पत्र*
बैतूल कलेक्टर जनसंपर्क द्वारा जैसे ही निजी चिकित्सालय के कोविड केयर की दर निर्धारित करने वाला पत्र सोशल मीडिया पर सार्वजनिक हुआ वैसे ही ताबड़तोड़ संबंधित पत्र जमकर वायरल हुआ।
स्वास्थ विभाग द्वारा जारी यह पत्र को लोगों ने सोशल मीडीया लुट की छुट लिख कर वायरल किया और कई कटीले प्रश्न जिला प्रशासन पर दागे।

By Vishal

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