बैतूल। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के 18 जून को प्रस्तावित दौरे की प्रशासनिक तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इस दौरान राष्ट्रपति, राज्यपाल और मुख्यमंत्री सहित अन्य अतिथियों को लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम तक सुरक्षित और सुगम तरीके से पहुंचाना प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गया है। शनिवार को कलेक्टर डॉ. सौरभ सोनवणे और पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। तैयारियों के बीच वीवीआईपी रूट का चयन प्रशासन के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्य बना हुआ है।
तीन विकल्पों पर विचार किया जा रहा
सूत्रों के अनुसार, मिलानपुर से लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम तक लगभग 10 किलोमीटर के मार्ग के लिए तीन प्रमुख विकल्पों पर विचार किया जा रहा है। इनमें पहला रूट हाइवे से सोनाघाटी होते हुए चक्कर रोड का है। दूसरा विकल्प हाइवे से तितली चौक, कर्बला मार्ग से स्टेडियम तक पहुंचने का है, जबकि तीसरा रूट हाइवे से बैतूल बाजार और गेंदा चौक की ओर से आने का है। हालांकि, कर्बला मार्ग पर निर्माण कार्य चलने के कारण इस रूट को लेकर संशय है। बैतूल बाजार और गेंदा चौक वाला मार्ग चुनने पर शहर के सबसे व्यस्त हिस्से में यातायात रोकना पड़ सकता है। चक्कर रोड वाले मार्ग पर भी आमला मार्ग और टिकारी के दो रास्तों पर यातायात प्रतिबंधित करना होगा।
पुलिस प्रशासन ऐसे मार्ग का चयन करने का प्रयास कर रहा है, जहां सुरक्षा मानकों से समझौता किए बिना कम से कम डायवर्जन करना पड़े और आम लोगों को न्यूनतम परेशानी हो। अधिकारियों के अनुसार, वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान लगभग एक घंटे तक यातायात प्रभावित हो सकता है।
कल तक हो सकता है रूट का अंतिम चयन
पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने बताया कि विभिन्न विकल्पों पर मंथन जारी है और एक-दो दिन में अंतिम रूट का चयन कर लिया जाएगा। इसके बाद ट्रैफिक डायवर्जन प्लान जारी किया जाएगा, ताकि नागरिकों को पहले से जानकारी मिल सके। राष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां, पुलिस और प्रशासनिक अमला रूट सुरक्षा, पार्किंग, बैरिकेडिंग और यातायात प्रबंधन की विस्तृत योजना तैयार करने में जुटा हुआ है।