घोड़ाडोंगरी। नगर के रेलवे स्टेशन पर एक अलग ही नजारा इन भीषण गर्मियों के दिनों में देखने को मिल रहा है। यहां पर जनरल बोगियों में ट्रेन रुकते ही यात्री अपने हाथों में पानी की खाली बोतल लिए हाथ खिड़की से बाहर कर देते हैं। प्लेटफार्म पर खड़े सेवा मित्र इन खाली बोतलों में आरो युक्त वाला ठंडा ठंडा पानी भर देते हैं। जब दोपहर में घोड़ाडोंगरी रेलवे स्टेशन का यह नजारा देखते ही बनता है। यहां पर अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा विगत एक पखवाड़े से सेवा अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत यात्रियों की प्यास बुझाने के इस मिशन गर्मी में ठंडा ठंडा पानी यात्रियों की खाली बोतलों में भरा जा रहा है। प्यास से सुख रहे कंठो को बुझाने के लिए शीतल जल को पाने के लिए यात्री भी अपनी खाली बोतलों को खिड़कियों से बाहर कर देते हैं और जब इन बोतलों में ठंडा ठंडा पानी मिल जाता है तो प्यास बूझकर अलग ही सुकून महसूस करते हैं ।कुछ ऐसा ही सुकून ठंडे पानी की सेवा दे रहे सेवा मित्रों को भी मिल जाता है वह खुद भी इस तरह की सेवा देकरअपने आप को गौरान्वित भी महसूस कर रहे हैं।
गायत्री परिवार के परिजन नगर के सेवा भावी लोग इस अभियान से जुड़े हुए हैं अपनी सेवाएं यात्रियों की प्यास बुझाने में दे रहे हैं।इनकी सेवाभावी भावना को देखकर हर व्यक्ति तारीफ किए बिना नहीं रहता।गायत्री परिवार के ब्लॉक समन्वयक डॉक्टर मनोज पाटनकर ने बताया कि हमारा लक्ष्य जब तक गर्मी पड़ रही है लगभग 17 जून तक इसी तरह यात्रियों को पेयजल की सेवा देते रहें।इस अभियान के तहत आरो का पानी उपलब्ध कराने में कई परिजन भी खरीदने में आर्थिक सहयोग करने आगे आ रहे हैं सुनील मालवीय अनुराग अग्रवाल अनिल शर्मा खेमराज पवार सहित अन्य परिजनों ने लोगों से इस अभियान में जुड़कर सहयोग देने की अपील की है। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से श्री महादेव पांसे, दशरथ गीद, अनुराग अग्रवाल जी खेमराज पवार, अनिल शर्मा अंशु, मुन्ना अमरवंशी, नितिन अग्रवाल, सुनील मालवीय, राघव अग्रवाल, राहत पवार, पवन, लकी मखीजा, चंद्रेश, नीरज सिनोटिया, इंदर खुराना का सक्रिय सहयोग प्रतिदिन रहता है।
यहां ट्रेन रुकते ही लोग करते हैं अपने हाथों को खिड़की से बाहर
+ There are no comments
Add yours