सारनी (रंजीत सिंह)। प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी हम सभी भारतवासी 15 अगस्त को आज़ादी का पर्व मनाएंगे।यही वो दिन है जब वर्षों की गुलामी के पश्चात 15 अगस्त 1947 को भारत ब्रिटिश साम्राज्य की दासता से मुक्त हुआ था।इस आजादी को पाने के लिए हमारे देश के अनेक वीरों ने अपने प्राणों की आहुति दी, तब जाकर आज हम सभी भारतवासी स्वतंत्रता के उन्मुक्त वातावरण में रह पा रहे हैं। ये दिन जहां हम सबको आजादी के साथ अपने अधिकारों का प्रयोग करने की स्वतंत्रता देता है वहीं यह दिन हमें यह भी याद दिलाता है कि यदि हम देश के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वहन सही ढंग से नहीं करेंगे तो निश्चित रूप से हमें इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा। हमें हमेशा अपने देश के प्रति गर्व का भाव रखना चाहिए और यहां के कण-कण को अपना मान कर उसको संरक्षित और समवर्धित करना चाहिए। देश के प्रति हमें हमेशा अपना सब कुछ समर्पित करने के लिए तैयार रहना चाहिए।
इस वर्ष हमारे सामने एक नई समस्या आन खड़ी हुई है। भारत समेत पूरा विश्व करोना नामक महामारी का सामना कर रहा है, यह बीमारी संपूर्ण मानव जाति के लिए एक चुनौती के रूप में सामने आई है। अतः इस वर्ष हमें स्वतंत्रता दिवस समारोह मनाते वक्त सरकार की दी हुई गाइडलाइन का पूरा-पूरा पालन करना है और यह संकल्प लेना है कि जिस प्रकार हमारे वीरों ने शक्तिशाली अंग्रेजी साम्राज्य को परास्त कर हमें आजादी का उपहार दिया था, उसी प्रकार हमें इस महामारी को परास्त कर संपूर्ण मानव जाति को स्वास्थ्य एवं आरोग्य का उपहार देना है।
जय हिंद जय भारत